e-Srijan के माध्यम से बड़े पैमाने पर शिक्षक प्रशिक्षण की राष्ट्रीय पहचान; अब नए MOOCs, आधुनिक फीचर्स और अधिक सशक्त डिजिटल प्रशिक्षण की ओर SCERT
देहरादून, 1 अक्टूबर 2026। राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (SCERT), उत्तराखण्ड की डिजिटल शिक्षक-प्रशिक्षण पहल e-Srijan को प्राप्त प्रतिष्ठित SKOCH Award – Education Gold 2026 की उपलब्धि को आज SCERT परिवार के साथ साझा किया गया। अकादमिक शोध एवं प्रशिक्षण बन्दना गर्ब्याल ने यह प्रतिष्ठित गोल्ड अवॉर्ड अपर निदेशक, SCERT उत्तराखण्ड, पद्मेंद्र सकलानी को भेंट करते हुए राज्य में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, शिक्षक क्षमता संवर्धन और तकनीक आधारित प्रशिक्षण को बड़े स्तर तक पहुँचाने में उनके नेतृत्व एवं सहयोग के लिए बधाई दी।
यह पुरस्कार SCERT उत्तराखण्ड की पहल “Revolutionising Teacher Training at Scale: Success Story of ICT Massive Open Online Course via e-Srijan” के लिए प्रदान किया गया है। यह उपलब्धि इस बात को रेखांकित करती है कि सुनियोजित डिजिटल प्रशिक्षण, गुणवत्तापूर्ण ई-कंटेंट और MOOCs के माध्यम से बड़ी संख्या में शिक्षकों तक सतत व्यावसायिक विकास के अवसर पहुँचाए जा सकते हैं।
इस अवसर पर सहायक निदेशक डॉ. के. एन. बिजल्वाण, IT एवं तकनीकी टीम के सदस्यों सहित SCERT के अन्य सहयोगी भी उपस्थित रहे। सभी ने इस राष्ट्रीय उपलब्धि को पूरे SCERT परिवार और उत्तराखण्ड के शिक्षक समुदाय की सामूहिक सफलता बताया।
अवॉर्ड भेंट करते हुए निदेशक, अकादमिक शोध एवं प्रशिक्षण बन्दना गर्ब्याल ने कहा:
“SKOCH Education Gold Award SCERT उत्तराखण्ड की पूरी टीम, हमारे शिक्षकों और डिजिटल शिक्षा से जुड़े सभी सहयोगियों के सामूहिक प्रयासों का सम्मान है। e-Srijan के माध्यम से हमारा उद्देश्य केवल ऑनलाइन प्रशिक्षण उपलब्ध कराना नहीं, बल्कि प्रत्येक शिक्षक तक गुणवत्तापूर्ण, उपयोगी और आवश्यकता-आधारित प्रशिक्षण पहुँचाना है। यह राष्ट्रीय सम्मान हमें भविष्य में और अधिक नवाचारी MOOCs विकसित करने तथा डिजिटल शिक्षक-प्रशिक्षण व्यवस्था को और सुदृढ़ बनाने के लिए प्रेरित करता है।”
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर मिली यह पहचान SCERT के लिए उपलब्धि के साथ-साथ एक नई जिम्मेदारी भी है। परिषद का प्रयास रहेगा कि तकनीक और AI आधारित संसाधनों का उपयोग करते हुए प्रशिक्षण को अधिक interactive, accessible, inclusive और outcome-oriented बनाया जाए।
“राष्ट्रीय सम्मान हमें गुणवत्ता के अगले स्तर तक जाने की प्रेरणा देता है” — अपर निदेशक पद्मेंद्र सकलानी
अपर निदेशक पद्मेंद्र सकलानी ने गोल्ड अवॉर्ड प्राप्त करते हुए SCERT की पूरी टीम को बधाई दी और कहा:
“इतने बड़े स्तर पर शिक्षकों के प्रशिक्षण को सफलतापूर्वक संचालित करना टीमवर्क, निरंतर मॉनिटरिंग और गुणवत्ता के प्रति प्रतिबद्धता का परिणाम है। SKOCH Gold Award इस सामूहिक प्रयास की राष्ट्रीय स्वीकृति है। अब हमारी प्राथमिकता इस उपलब्धि को आगे बढ़ाते हुए e-Srijan और MOOCs को और अधिक प्रभावी, कौशल-आधारित तथा शिक्षक-केंद्रित बनाना है, ताकि प्रशिक्षण का वास्तविक प्रभाव कक्षा-कक्ष और विद्यार्थियों के सीखने के अनुभव में दिखाई दे।”
उन्होंने विशेष रूप से प्रशिक्षण की गुणवत्ता, उपयोगिता और कौशल विकास पर निरंतर ध्यान देने की आवश्यकता पर बल दिया।
e-Srijan: बड़े स्तर पर शिक्षक क्षमता संवर्धन का डिजिटल मॉडल
SCERT उत्तराखण्ड द्वारा विकसित VSK से e-Srijan MOOCs ने शिक्षक प्रशिक्षण को समय और स्थान की सीमाओं से आगे ले जाने का प्रयास किया है। ICT से प्रारंभ हुई इस पहल का विस्तार आगे Artificial Intelligence enabled Teaching-Learning, School Administration तथा विभिन्न आवश्यकता-आधारित डिजिटल प्रशिक्षण क्षेत्रों तक किया गया।
ऑनलाइन प्रशिक्षण मॉडल के माध्यम से शिक्षकों को अपनी सुविधा के अनुसार सीखने, डिजिटल संसाधनों का उपयोग करने, गतिविधियों और आकलन में प्रतिभाग करने तथा प्रशिक्षण पूर्ण करने का अवसर मिलता है। इससे राज्य स्तर पर प्रशिक्षण को scalable और अधिक सुलभ बनाने में सहायता मिली है।
SKOCH Gold की उपलब्धि के बाद SCERT की योजना e-Srijan प्लेटफॉर्म को केवल course-delivery portal तक सीमित न रखते हुए इसे एक अधिक व्यापक Digital Teacher Professional Development Ecosystem के रूप में विकसित करने की है।
आने वाले चरण में पोर्टल को अपग्रेड करते हुए नए MOOCs के साथ बेहतर learner dashboard, course progress tracking, interactive assessment, multimedia content, automated/dynamic certification, mobile-friendly learning, analytics, feedback mechanism तथा AI-enabled learning support जैसे फीचर्स को चरणबद्ध रूप से जोड़ा जा सकता है।
नए MOOCs में Ethical & Responsible AI in Education, AI आधारित Lesson Planning एवं Assessment, 2D/3D Animation एवं Multimedia Content Creation, Inclusive Education एवं Assistive Technologies, Road Safety, AI के माध्यम से Communication एवं English Skills, Research Writing तथा Educational Game Design जैसे समकालीन क्षेत्रों पर विशेष ध्यान प्रस्तावित है।
इसका उद्देश्य शिक्षक को केवल डिजिटल उपकरणों का उपयोगकर्ता बनाना नहीं, बल्कि उसे डिजिटल कंटेंट निर्माता, नवाचारी शिक्षक और तकनीक-सक्षम शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया का नेतृत्वकर्ता बनाना है।
आगे—कक्षा तक प्रभाव पहुँचाना अगला लक्ष्य
SKOCH Education Gold Award ने SCERT उत्तराखण्ड के डिजिटल शिक्षक-प्रशिक्षण मॉडल को राष्ट्रीय मंच पर पहचान प्रदान की है। लेकिन इस पहल की वास्तविक सफलता इस बात में होगी कि प्रशिक्षण से प्राप्त ज्ञान और कौशल विद्यालय तथा कक्षा-कक्ष तक कितनी प्रभावी तरीके से पहुँचते हैं।
इसी दृष्टि से आगामी MOOCs को अधिक practice-oriented, competency-based और classroom-linked बनाने पर जोर दिया जाएगा। प्रशिक्षण के बाद शिक्षक केवल प्रमाणपत्र प्राप्त न करें, बल्कि सीखे गए कौशल को lesson planning, assessment, content creation, inclusive teaching और विद्यार्थियों के सीखने के अनुभव को बेहतर बनाने में लागू कर सकें—यह e-Srijan के अगले चरण की महत्वपूर्ण दिशा होगी।
एक उपलब्धि, पूरी टीम का सम्मान
निदेशक अकादमिक शोध एवं प्रशिक्षण बन्दना गर्ब्याल द्वारा SKOCH Education Gold Award को अपर निदेशक पद्मेंद्र सकलानी को भेंट किया जाना इस उपलब्धि को SCERT की पूरी टीम के साथ साझा करने का प्रतीक बना। यह सम्मान उन अधिकारियों, अकादमिक विशेषज्ञों, तकनीकी टीम, कोर्स समन्वयकों, कंटेंट डेवलपर्स, मास्टर ट्रेनर्स और हजारों शिक्षकों के सामूहिक प्रयास को समर्पित है, जिन्होंने e-Srijan को बड़े स्तर के डिजिटल शिक्षक क्षमता संवर्धन कार्यक्रम के रूप में आगे बढ़ाया।
